कोयंबटूर
भारत की राष्ट्रीय कार रेसिंग चैंपियनशिप के 29वें सत्र की शुरुआत 24 अक्टूबर 2026 को कोयंबटूर के कारी मोटर स्पीडवे पर होगी। 24 और 25 अक्टूबर को आयोजित होने वाले पहले दौर में अलग-अलग श्रेणियों की कुल 17 रेस होंगी। इस प्रतियोगिता में अनुभवी रेसरों के साथ उभरते हुए चालक भी अपनी प्रतिभा दिखाएंगे। आयोजन में सिंगल-सीटर कार रेसिंग, टूरिंग कार प्रतियोगिताओं और एक ही तरह के वाहनों वाली रेसिंग श्रृंखलाओं को शामिल किया गया है। सीटीआर-जेके टायर एफएमएससीआई इंडियन नेशनल कार रेसिंग चैंपियनशिप 2026 का आयोजन जेके टायर और चेन्नई टर्बो राइडर्स की साझेदारी के तहत किया जा रहा है। इसका उद्देश्य भारतीय मोटरस्पोर्ट में अलग-अलग स्तर के चालकों को प्रतिस्पर्धा का अवसर देना है। शुरुआती दौर में बेहतर प्रदर्शन करने वाले प्रतिभागी सत्र की अंक तालिका में बढ़त बनाने की कोशिश करेंगे।
दर्शक इन रेस का सीधा प्रसारण जेके टायर मोटरस्पोर्ट के फेसबुक और यूट्यूब चैनलों पर देख सकेंगे। शनिवार को प्रसारण सुबह 10 बजे और रविवार को सुबह 9 बजकर 45 मिनट से शुरू होगा।
छह प्रमुख श्रेणियों में होगा मुकाबला
चैंपियनशिप के शुरुआती दौर में एलजीबी फॉर्मूला 4, जेके टायर नोविस कप, सुपर सैलून, इंडियन टूरिंग कार, इंडियन सुपर टूरिंग कार और जेके टायर लेविटास कप जैसी कार रेसिंग श्रेणियां शामिल हैं। इसके अलावा, जेके टायर की ओर से प्रस्तुत रॉयल एनफील्ड कॉन्टिनेंटल जीटी कप में मोटरसाइकिल रेसिंग भी होगी। इस तरह आयोजन में कार और बाइक रेसिंग के अलग-अलग वर्गों के प्रतिभागी हिस्सा लेंगे।
एलजीबी फॉर्मूला 4 में तीन रेस
एलजीबी फॉर्मूला 4 भारतीय सिंगल-सीटर रेसिंग की प्रमुख श्रेणियों में शामिल है और यह अपने 29वें वर्ष में प्रवेश कर रही है। इसमें एक सीट वाली रेसिंग कारों का इस्तेमाल किया जाता है। इन कारों में 1,298 सीसी का कार्ब्यूरेटर वाला सुजुकी स्विफ्ट इंजन, एस्ट्रीम का पांच-स्पीड गियरबॉक्स और क्रोम-मोलिब्डेनम ट्यूबलर फ्रेम दिया जाता है।
इस श्रेणी में सप्ताहांत के दौरान तीन रेस होंगी। सिंगल-सीटर रेसिंग में चालक की गति, नियंत्रण और तकनीकी कौशल की अहम भूमिका रहती है।
नए रेसरों को मौका देगा जेके टायर नोविस कप
जेके टायर नोविस कप उन चालकों के लिए एक मंच है, जो कार्टिंग से आगे बढ़कर फॉर्मूला रेसिंग में अपना करियर बनाना चाहते हैं। इस प्रतियोगिता में नए रेसरों को वास्तविक सर्किट पर प्रतिस्पर्धा का अनुभव मिलता है। पहले दौर में इस श्रेणी की दो रेस निर्धारित हैं। इनके जरिए प्रतिभागियों को तेज गति पर कार संभालने, मोड़ों पर नियंत्रण रखने और दूसरे चालकों के साथ मुकाबला करने का अनुभव मिलेगा।
टूरिंग कार श्रेणियों में भी कड़ा मुकाबला
चैंपियनशिप में सुपर सैलून, इंडियन टूरिंग कार और इंडियन सुपर टूरिंग कार की श्रेणियां भी शामिल हैं। इनमें सामान्य उत्पादन वाली कारों पर आधारित, रेसिंग के लिए तैयार किए गए वाहन हिस्सा लेते हैं। अलग-अलग वर्गों में कारों में किए जाने वाले तकनीकी बदलावों और उनके नियमों में अंतर रहता है।
इंडियन सुपर टूरिंग कार श्रेणी में कारों में अपेक्षाकृत अधिक बदलाव करने की अनुमति होती है। वहीं, अन्य टूरिंग कार वर्गों में संबंधित तकनीकी नियमों के अनुसार वाहनों को तैयार किया जाता है। आईटीसी और आईएसटीसी वर्ग के लिए सप्ताहांत में दो रेस निर्धारित की गई हैं।
जेके टायर लेविटास कप का दूसरा सत्र
जेके टायर लेविटास कप अपने दूसरे सत्र में प्रवेश कर रहा है। इसमें रेसिंग के लिए तैयार की गई हल्की मारुति सुजुकी इग्निस कारों का इस्तेमाल किया जाएगा। इन कारों में स्वाभाविक रूप से हवा खींचने वाला 1.2 लीटर के-सीरीज इंजन दिया गया है, जो 92 बीएचपी की शक्ति पैदा करता है। इसमें विशेष हेडर और सीधे निकास पाइप की व्यवस्था भी है।
इस श्रेणी में दो रेस होंगी। प्रतिभागियों को रूकी और प्रो/जेंटलमैन वर्गों में बांटा जाएगा। इस प्रतियोगिता में कार पर नियंत्रण, ब्रेक लगाने की तकनीक, मोड़ों पर संतुलन और दूसरे रेसरों से आगे निकलने की क्षमता पर खास ध्यान रहेगा।
रॉयल एनफील्ड कॉन्टिनेंटल जीटी कप का छठा संस्करण
जेके टायर की ओर से प्रस्तुत रॉयल एनफील्ड कॉन्टिनेंटल जीटी कप का यह छठा संस्करण होगा। इस बार प्रतियोगिता में शौकिया और पेशेवर राइडरों के लिए अलग-अलग ग्रिड रखे गए हैं। दोनों वर्गों में अलग प्लेटफॉर्म वाली मोटरसाइकिलों का इस्तेमाल होगा।
शौकिया वर्ग में 20 राइडर और पेशेवर वर्ग में 15 राइडर हिस्सा लेंगे। दोनों वर्गों के लिए तीन-तीन रेस निर्धारित की गई हैं। इस प्रारूप से प्रतिभागियों को अपने स्तर के अनुसार मुकाबला करने का अवसर मिलेगा।
दो दिनों तक चलने वाली यह चैंपियनशिप भारतीय मोटरस्पोर्ट के अलग-अलग वर्गों के चालकों और राइडरों को प्रतिस्पर्धा का मंच देगी। कोयंबटूर में होने वाले शुरुआती दौर के परिणामों से विभिन्न श्रेणियों की शुरुआती अंक तालिका तय होगी।

