By using this site, you agree to the Privacy Policy and Terms of Use.
Accept
Express News TodayExpress News Today
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Search
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
Reading: साइबर अपराधों से सुरक्षा के लिए जनभागीदारी जरूरी, साइबर जागरूकता को जनआंदोलन बनाना होगा : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….
Share
Sign In
Notification Show More
Font ResizerAa
Express News TodayExpress News Today
Font ResizerAa
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
  • छत्तीसगढ़
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
Search
  • Home
  • देश
  • विदेश
  • राज्य
  • मध्यप्रदेश
    • मध्यप्रदेश जनसंपर्क
  • छत्तीसगढ़
    • छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
  • राजनीती
  • धर्म
  • अन्य खबरें
    • मनोरंजन
    • खेल
    • तकनीकी
    • व्यापार
    • करियर
    • लाइफ स्टाइल
Have an existing account? Sign In
Follow US
  • Advertise
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
छत्तीसगढ़छत्तीसगढ़ जनसंपर्क

साइबर अपराधों से सुरक्षा के लिए जनभागीदारी जरूरी, साइबर जागरूकता को जनआंदोलन बनाना होगा : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….

News Desk
Last updated: 2026/10/09 at 10:10 PM
News Desk
Share
15 Min Read
साइबर अपराधों से सुरक्षा के लिए जनभागीदारी जरूरी, साइबर जागरूकता को जनआंदोलन बनाना होगा : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय….
SHARE

रायपुर: डिजिटल युग में साइबर अपराध एक बड़ी चुनौती के रूप में सामने आए हैं और इनसे सुरक्षित रहने का सबसे प्रभावी माध्यम जागरूकता, सतर्कता और जनभागीदारी है। साइबर सुरक्षा केवल शासन और पुलिस की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि समाज के प्रत्येक नागरिक की साझा जिम्मेदारी है। हमें साइबर जागरूकता को जनआंदोलन का स्वरूप देना होगा, तभी हम साइबर ठगी और डिजिटल अपराधों से सुरक्षित छत्तीसगढ़ के संकल्प को साकार कर सकेंगे। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय ने आज राजधानी रायपुर के पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा आयोजित ‘साइबर जागृति अभियान एवं ट्रैफिक हैकाथॉन-2026’ के अभिनंदन समारोह को संबोधित करते हुए यह बात कही।

साइबर जागरूकता को जनआंदोलन बनाना होगा : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

*डिजिटल क्रांति ने जीवन आसान बनाया, अब साइबर सुरक्षा के प्रति सजगता जरूरी*

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के नेतृत्व में डिजिटल इंडिया ने देश में अभूतपूर्व परिवर्तन किया है। वर्ष 2014 में जब प्रधानमंत्री श्री मोदी ने डिजिटल इंडिया की परिकल्पना प्रस्तुत की थी, उस समय इतने विशाल देश और बड़ी ग्रामीण आबादी के बीच डिजिटल अर्थव्यवस्था की सफलता को लेकर अनेक आशंकाएं व्यक्त की जाती थीं। आज स्थिति पूरी तरह बदल चुकी है। गांव का सामान्य नागरिक भी मोबाइल फोन के माध्यम से डिजिटल भुगतान कर रहा है और तकनीक के जरिए देश-दुनिया से जुड़ा हुआ है।

साइबर जागरूकता को जनआंदोलन बनाना होगा : मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय

उन्होंने कहा कि डिजिटल सुविधाओं के विस्तार ने जहां नागरिकों के जीवन को आसान बनाया है, वहीं साइबर ठगी और डिजिटल अपराधों की चुनौतियां भी बढ़ी हैं। अपराधी नई-नई तकनीकों और तरीकों का उपयोग कर लोगों को ठगी का शिकार बना रहे हैं। कई बार तकनीकी रूप से जानकार व्यक्ति भी इनके जाल में फंस जाते हैं। ऐसे में प्रत्येक नागरिक को साइबर अपराध के तौर-तरीकों और उनसे बचाव के उपायों की जानकारी होना बेहद जरूरी है।

*सात सप्ताह के अभियान से 1.70 करोड़ लोगों तक पहुंचा साइबर सुरक्षा का संदेश*

मुख्यमंत्री श्री साय ने छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा 15 अगस्त से 2 अक्टूबर तक चलाए गए सात सप्ताह के विशेष साइबर जागृति अभियान की सराहना करते हुए कहा कि इस अभियान ने साइबर सुरक्षा के संदेश को शहरों से लेकर गांवों तक पहुंचाने का महत्वपूर्ण कार्य किया है।

उन्होंने कहा कि अभियान के दौरान प्रत्येक सप्ताह अलग-अलग विषयों को केंद्र में रखकर अभिनव गतिविधियां आयोजित की गईं। विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों, विद्यालयों, ग्राम पंचायतों, हाट-बाजारों और सार्वजनिक स्थलों तक पहुंचकर नागरिकों को जागरूक किया गया। अभियान के दौरान 5 लाख से अधिक कार्यक्रम आयोजित किए गए, 5 लाख से अधिक सेल्फी के माध्यम से नागरिकों की सहभागिता सुनिश्चित की गई और लगभग 1 करोड़ 70 लाख लोगों तक साइबर अपराधों से बचाव का संदेश पहुंचाया गया।

मुख्यमंत्री ने कहा कि इतनी बड़ी संख्या में लोगों की भागीदारी यह दर्शाती है कि साइबर सुरक्षा अब केवल तकनीकी विषय नहीं, बल्कि प्रत्येक परिवार और नागरिक से जुड़ा विषय बन चुका है।

*अभियान का समापन नहीं, यह एक नई शुरुआत है : मुख्यमंत्री*

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि साइबर जागृति अभियान को किसी निश्चित अवधि तक सीमित नहीं रखा जा सकता। सात सप्ताह का यह अभियान समाप्त जरूर हुआ है, लेकिन साइबर जागरूकता की यह यात्रा आगे भी निरंतर जारी रहेगी।

उन्होंने कहा कि सरकार का संकल्प प्रदेश के प्रत्येक नागरिक को सुरक्षित और भयमुक्त वातावरण उपलब्ध कराना है। इसके लिए पुलिस और प्रशासन के साथ सामाजिक संस्थाओं, शैक्षणिक संस्थानों, युवाओं और आम नागरिकों को भी सक्रिय भागीदारी निभानी होगी। विशेष रूप से युवाओं को साइबर जागरूकता के संवाहक के रूप में आगे आकर अपने परिवार और समाज को सुरक्षित बनाने में योगदान देना चाहिए।

*रायपुर की यातायात व्यवस्था सुधारने युवाओं के अभिनव सुझावों पर होगा गंभीरता से विचार*

मुख्यमंत्री श्री साय ने ट्रैफिक हैकाथॉन-2026 की सराहना करते हुए कहा कि राजधानी रायपुर का तेजी से विस्तार हो रहा है। बढ़ती आबादी और वाहनों की संख्या के साथ यातायात प्रबंधन की चुनौतियां भी बढ़ी हैं।  सड़क दुर्घटनाओं में कमी लाने और यातायात को अधिक सुरक्षित एवं सुगम बनाने के लिए तकनीक, नवाचार और जनभागीदारी का बेहतर समन्वय आवश्यक है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि ट्रैफिक हैकाथॉन के माध्यम से विद्यार्थियों, युवाओं, तकनीकी विशेषज्ञों और विभिन्न संस्थाओं ने राजधानी की यातायात समस्याओं का अध्ययन कर व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत किए हैं। सरकार इन सुझावों पर गंभीरता से विचार करेगी तथा जो समाधान उपयोगी और व्यवहारिक होंगे, उन्हें लागू करने की दिशा में आगे बढ़ेगी।

*दूरस्थ क्षेत्रों को परिवहन से जोड़ रही मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा*

मुख्यमंत्री श्री साय ने प्रदेश में सार्वजनिक परिवहन सुविधाओं के विस्तार का उल्लेख करते हुए कहा कि ग्रामीण और दूरस्थ क्षेत्रों में आवागमन की सुविधा विकास की बुनियादी आवश्यकता है। सार्वजनिक परिवहन के साधन उपलब्ध नहीं होने के कारण पहले ग्रामीणों को शिक्षा, स्वास्थ्य, बाजार और अन्य आवश्यक कार्यों के लिए कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था।

उन्होंने कहा कि इसी आवश्यकता को ध्यान में रखते हुए मुख्यमंत्री ग्रामीण बस सेवा प्रारंभ की गई है। विशेष रूप से वर्षों तक नक्सलवाद से प्रभावित रहे बस्तर सहित दूरस्थ क्षेत्रों में बस सेवाओं का विस्तार किया जा रहा है। ऐसे मार्गों पर 100 से अधिक बसों का संचालन किया जा रहा है, जहां आर्थिक रूप से लाभकारी नहीं होने के कारण पहले बस सेवाएं उपलब्ध नहीं थीं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने लाभ-हानि से ऊपर उठकर जनहित को प्राथमिकता दी है और इन मार्गों पर बस संचालन से होने वाली आर्थिक क्षति की भरपाई की व्यवस्था की है। उन्होंने कहा कि ग्रामीणों के साथ बस में यात्रा के दौरान उन्होंने स्वयं देखा है कि यह सेवा किस तरह लोगों के जीवन में सुविधा और खुशियां लेकर आई है।

*डिजिटल लेनदेन में भारत की अग्रणी भूमिका, सुरक्षा भी उतनी ही महत्वपूर्ण : उप मुख्यमंत्री श्री विजय शर्मा*

उप मुख्यमंत्री एवं गृह मंत्री श्री विजय शर्मा ने कहा कि आज दुनिया में होने वाले डिजिटल लेनदेन का लगभग 50 प्रतिशत भारत में हो रहा है। यह प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी के डिजिटल इंडिया अभियान की बड़ी उपलब्धि है। डिजिटल लेनदेन ने लोगों के जीवन को सुविधाजनक बनाया है, लेकिन इसके साथ साइबर अपराधों से सुरक्षा की चुनौती भी बढ़ी है।

उन्होंने कहा कि नागरिकों को साइबर अपराधों से सुरक्षित रखने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ पुलिस ने साइबर जागृति अभियान के माध्यम से अभिनव पहल की है। अभियान के दौरान पुलिस ने धार्मिक आयोजनों, चौक-चौराहों, ग्राम सभाओं, ग्राम पंचायतों, विश्वविद्यालयों, महाविद्यालयों और विद्यालयों तक पहुंचकर लोगों को ऑनलाइन ठगी तथा साइबर अपराधों से बचाव के तरीके बताए।

श्री शर्मा ने कहा कि पुलिस केवल जागरूकता तक सीमित नहीं है, बल्कि साइबर अपराधियों के पूरे नेटवर्क के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई भी कर रही है। साइबर ठगी में उपयोग होने वाले म्यूल खाते खोलने में संलिप्त बैंककर्मियों से लेकर फर्जी सिम उपलब्ध कराने वालों तक कार्रवाई की गई है। इन प्रयासों से साइबर अपराधों से संबंधित एफआईआर में कमी आई है और ठगी गई राशि की रिकवरी की दर में भी वृद्धि हुई है।

उन्होंने कहा कि यातायात व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए केवल पुलिस और प्रशासन के प्रयास पर्याप्त नहीं हैं। समस्याओं का स्थायी समाधान जनभागीदारी और नवाचार से ही संभव है। इसी सोच के साथ ट्रैफिक हैकाथॉन आयोजित किया गया, जिसमें युवाओं ने अनेक उपयोगी और व्यावहारिक समाधान प्रस्तुत किए हैं।

*सात विषयों के माध्यम से गांव-शहर तक पहुंची साइबर जागरूकता*

छत्तीसगढ़ पुलिस द्वारा 15 अगस्त से 2 अक्टूबर 2026 तक संचालित साइबर जागृति अभियान में प्रदेश की 34 पुलिस इकाइयों के समन्वय से सात विषय आधारित सप्ताहों में जागरूकता गतिविधियां आयोजित की गईं।

अभियान में डिजिटल सुरक्षा, वित्तीय धोखाधड़ी एवं यूपीआई सुरक्षा, डिजिटल अरेस्ट, महिलाओं की ऑनलाइन सुरक्षा, रोजगार संबंधी ठगी, डेटा गोपनीयता और सामूहिक संकल्प जैसे विषयों पर विशेष रूप से नागरिकों को जागरूक किया गया।

विद्यालयों, महाविद्यालयों, विश्वविद्यालयों, ग्राम पंचायतों, हाट-बाजारों और सार्वजनिक स्थलों पर आयोजित कार्यक्रमों में नागरिकों को ओटीपी और पासवर्ड किसी से साझा नहीं करने, संदिग्ध लिंक से बचने, फर्जी निवेश योजनाओं से सावधान रहने तथा डिजिटल अरेस्ट जैसे नए साइबर अपराधों को पहचानने के तरीके बताए गए।

अभियान में युवाओं को ‘साइबर प्रहरी’ के रूप में जोड़कर उनके माध्यम से परिवार और समाज तक जागरूकता पहुंचाने की पहल की गई। नागरिकों को साइबर ठगी की स्थिति में तत्काल हेल्पलाइन नंबर 1930 तथा राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर शिकायत दर्ज कराने के लिए भी प्रेरित किया गया।

*सोशल मीडिया पर 6.02 करोड़ से अधिक व्यूज*

साइबर जागृति अभियान में सोशल मीडिया का भी व्यापक उपयोग किया गया। फेसबुक, इंस्टाग्राम, एक्स, यूट्यूब और व्हाट्सऐप के माध्यम से साइबर सुरक्षा से संबंधित संदेश और जागरूकता सामग्री प्रसारित की गई।

भारतीय साइबर अपराध समन्वय केंद्र (आई4सी) के सहयोग से अभियान के दौरान 3,100 से अधिक सोशल मीडिया पोस्ट साझा की गईं, जिन्हें 6.02 करोड़ से अधिक व्यूज प्राप्त हुए। आई4सी ने भी अपने आधिकारिक सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर अभियान से जुड़ी कई पोस्ट साझा कर इसकी पहुंच को और व्यापक बनाया।

*जिलों के नवाचारों ने साइबर जागरूकता को जनभागीदारी से जोड़ा*

अभियान के दौरान विभिन्न जिलों ने स्थानीय परिस्थितियों के अनुरूप अनेक अभिनव प्रयोग किए। मुंगेली जिले में विशेष ग्राम सभाओं के माध्यम से लगभग 15 हजार ग्रामीणों को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक किया गया। गरियाबंद जिले में मितानिनों, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं और स्व-सहायता समूहों की लगभग 493 महिलाओं को साइबर सुरक्षा की जानकारी देकर उनके माध्यम से परिवारों तक जागरूकता पहुंचाई गई।

दुर्ग जिले में ‘सुरक्षित दुर्ग, साइबर जागरूक दुर्ग’ अभियान के अंतर्गत विद्यार्थियों ने नुक्कड़ नाटकों और विभिन्न गतिविधियों के माध्यम से 15 हजार से अधिक नागरिकों को जागरूक किया। रायपुर जिले में आयोजित साइबर जागरूकता लघु फिल्म प्रतियोगिता में 11 राज्यों के 35 जिलों से 162 फिल्में प्राप्त हुईं। इन फिल्मों के माध्यम से लगभग दो लाख लोगों तक साइबर सुरक्षा का संदेश पहुंचने का अनुमान है।

जांजगीर-चांपा जिले में ‘एक राखी साइबर जागृति के नाम’ अभियान के माध्यम से लगभग 1 लाख 61 हजार नागरिकों तक जागरूकता पहुंचाई गई। वहीं बिलासपुर जिले में आकाशवाणी के माध्यम से संचालित विशेष फोन-इन कार्यक्रम से लगभग आठ लाख श्रोताओं तक साइबर सुरक्षा का संदेश पहुंचा। समारोह में इन अभिनव प्रयासों के लिए संबंधित जिलों को सम्मानित किया गया।

*ट्रैफिक हैकाथॉन में युवाओं ने दिए भविष्य की यातायात व्यवस्था के समाधान*

ट्रैफिक हैकाथॉन-2026 के ओवरऑल विजेता श्री कार्तिकेय पंत ने रायपुर के शंकर नगर टर्निंग पॉइंट की यातायात व्यवस्था को अधिक सुरक्षित और सुगम बनाने के लिए ‘टैक्टिकल अर्बनिज्म’ की अवधारणा पर आधारित मॉडल प्रस्तुत किया।

उन्होंने उपलब्ध सड़क क्षेत्र के बेहतर उपयोग, स्पष्ट लेन मार्किंग, पैदल यात्रियों के लिए सुरक्षित स्थान, स्ट्रीट वेंडरों और ऑटोरिक्शा चालकों के लिए व्यवस्थित स्थान निर्धारण तथा यातायात प्रवाह को बेहतर बनाने से जुड़े सुझाव प्रस्तुत किए।

हैकाथॉन के प्रतिभागियों ने टाटीबंध चौक, तेलीबांधा मरीन ड्राइव, आमापारा चौक, लोधीपारा चौक और शंकर नगर सहित राजधानी के प्रमुख यातायात दबाव वाले क्षेत्रों का अध्ययन कर पार्किंग प्रबंधन, सुरक्षित पैदल मार्ग, सार्वजनिक परिवहन के एकीकरण, लेन मार्किंग तथा यातायात जाम कम करने से संबंधित समाधान प्रस्तुत किए।

*एआई और इंटरनेट ऑफ थिंग्स से स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन के सुझाव*

युवाओं ने आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और इंटरनेट ऑफ थिंग्स आधारित स्मार्ट ट्रैफिक प्रबंधन के लिए भी अभिनव सुझाव प्रस्तुत किए। ‘रायपुर नेत्र’ और ‘दृष्टि’ जैसी प्रस्तावित परियोजनाओं में सीसीटीवी कैमरों और एआई तकनीक के माध्यम से यातायात नियमों के उल्लंघन की पहचान, ट्रैफिक जाम की पूर्व सूचना तथा एम्बुलेंस और अग्निशमन वाहनों के लिए ग्रीन कॉरिडोर तैयार करने जैसी परिकल्पनाएं शामिल रहीं।

ट्रैफिक हैकाथॉन के सफल आयोजन में राष्ट्रीय प्रौद्योगिकी संस्थान (एनआईटी) रायपुर और द इंस्टीट्यूशन ऑफ इंजीनियर्स (इंडिया) के छत्तीसगढ़ स्टेट सेंटर ने तकनीकी सहयोग प्रदान किया। विशेषज्ञों ने प्रतिभागियों के प्रस्तावों का दो चरणों में परीक्षण कर उनकी तकनीकी व्यवहार्यता, उपयोगिता और क्रियान्वयन की संभावनाओं का मूल्यांकन किया। आयोजन में शिवाशा फाउंडेशन का भी सहयोग रहा।

विधायक श्री राजेश मूणत ने कहा कि राजधानी रायपुर की यातायात व्यवस्था को अधिक सुगम और सुरक्षित बनाने के लिए सभी संबंधित विभागों को बेहतर समन्वय के साथ कार्य करना होगा। यातायात से जुड़ी समस्याओं के स्थायी समाधान के लिए दीर्घकालिक योजना के साथ व्यावहारिक कदम उठाना आवश्यक है।

इस अवसर पर छत्तीसगढ़ रजककार बोर्ड के अध्यक्ष श्री प्रह्लाद रजक, विधायक श्री राजेश मूणत, रायपुर नगर निगम की महापौर श्रीमती मीनल चौबे, पुलिस महानिदेशक श्री अरुण गौतम, अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक श्री अमित कुमार सहित जनप्रतिनिधि, वरिष्ठ पुलिस अधिकारी, तकनीकी विशेषज्ञ, विभिन्न संस्थाओं के प्रतिनिधि तथा बड़ी संख्या में विद्यार्थी उपस्थित थे।

You Might Also Like

हाथी प्रभावित गांवों में पहुंचे पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल, अधिकारियों को दिए त्वरित राहत के निर्देश…..

उप मुख्यमंत्री अरुण साव के निर्देश पर एक्शन में पीडब्ल्यूडी, सड़कों की मरम्मत युद्धस्तर पर शुरू….

दीपावली से पहले शहर को कचरामुक्त करें, सेवाओं में देरी बर्दाश्त नहीं : प्रमुख सचिव सोनमणि बोरा….

छत्तीसगढ़ में 240 ई-बसों की राह खुलेगी, 11 अक्टूबर को होगा कंसेशन एग्रीमेंट, उप मुख्यमंत्री अरुण साव की मौजूदगी में चार नगर निगमों और चार्टर्ड स्पीड लिमिटेड के बीच होगा करार….

मुख्यमंत्री कैंप कार्यालय में आवेदन देते ही दिव्यांग बिंदे राम को मिली बैटरी चालित ट्राईसाइकिल, मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की संवेदनशील पहल से जरूरतमंदों को मिल रही त्वरित सहायता…..

News Desk October 9, 2026 October 9, 2026
Share This Article
Facebook Twitter Copy Link Print
Previous Article हाथी प्रभावित गांवों में पहुंचे पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल, अधिकारियों को दिए त्वरित राहत के निर्देश…. हाथी प्रभावित गांवों में पहुंचे पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल, अधिकारियों को दिए त्वरित राहत के निर्देश….
Next Article जीएसटी प्रशासन में छत्तीसगढ़ के तकनीकी नवाचारों को राष्ट्रीय स्तर पर मिली सराहना, वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी की पहल से जीएसटी की राष्ट्रीय लॉ कमेटी में छत्तीसगढ़ को मिली महत्वपूर्ण जिम्मेदारी….. जीएसटी प्रशासन में छत्तीसगढ़ के तकनीकी नवाचारों को राष्ट्रीय स्तर पर मिली सराहना, वित्त मंत्री ओ.पी. चौधरी की पहल से जीएसटी की राष्ट्रीय लॉ कमेटी में छत्तीसगढ़ को मिली महत्वपूर्ण जिम्मेदारी…..
- Advertisement -
Ad imageAd image
- Advertisement -
Ad imageAd image

Stay Connected

235.3k Followers Like
69.1k Followers Follow
11.6k Followers Pin
56.4k Followers Follow
136k Subscribers Subscribe
4.4k Followers Follow

ताजा ख़बरें

ट्रंप की नोबेल शांति पुरस्कार पर नाराजगी, बोले- मुझे एक नहीं, 8 पुरस्कार मिलने चाहिए थे
ट्रंप की नोबेल शांति पुरस्कार पर नाराजगी, बोले- मुझे एक नहीं, 8 पुरस्कार मिलने चाहिए थे
विदेश
Uttarakhand News: समस्याओं का तुरंत समाधान करो…मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का सख्त संदेश, सरकारी दफ्तरों के चक्कर से मिलेगी निजात….
Uttarakhand News: समस्याओं का तुरंत समाधान करो…मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी का सख्त संदेश, सरकारी दफ्तरों के चक्कर से मिलेगी निजात….
राज्य
हाथी प्रभावित गांवों में पहुंचे पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल, अधिकारियों को दिए त्वरित राहत के निर्देश…..
हाथी प्रभावित गांवों में पहुंचे पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल, ग्रामीणों से मिलकर जाना हाल, अधिकारियों को दिए त्वरित राहत के निर्देश…..
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
उप मुख्यमंत्री अरुण साव के निर्देश पर एक्शन में पीडब्ल्यूडी, सड़कों की मरम्मत युद्धस्तर पर शुरू….
उप मुख्यमंत्री अरुण साव के निर्देश पर एक्शन में पीडब्ल्यूडी, सड़कों की मरम्मत युद्धस्तर पर शुरू….
छत्तीसगढ़ छत्तीसगढ़ जनसंपर्क
//

यह एक हिंदी वेब न्यूज़ पोर्टल है जिसमें ब्रेकिंग न्यूज़ के अलावा राजनीति, प्रशासन, ट्रेंडिंग न्यूज, बॉलीवुड, खेल जगत, लाइफस्टाइल, बिजनेस, सेहत, ब्यूटी, रोजगार तथा टेक्नोलॉजी से संबंधित खबरें पोस्ट की जाती है।

संपादक - Rohit Sharma
मोबाइल - 7062483333
ईमेल -
कार्यालय - Naya Para,Dau Mil Gali Jagdalpur - 494001
October 2026
M T W T F S S
 1234
567891011
12131415161718
19202122232425
262728293031  
« Sep    
Follow US
© 2022 Foxiz News Network. Ruby Design Company. All Rights Reserved.
  • Home
  • About Us
  • Contact Us
  • MP Info RSS Feed
Welcome Back!

Sign in to your account

Lost your password?